Connect with us

विदेशी शिक्षा

दुनिया का सबसे महंगा स्कूल कोर्स लंदन में; एक महीने की फीस 92 लाख से अधिक

Published

on

image source credit bygoogle

दुनिया का सबसे महंगा स्कूल कोर्स लंदन के Ivor Spencer International Finishing School द्वारा एक महीने के लिए चलाया जाता है, जिसकी सिर्फ एक महीने की फीस करीब ₹92 लाख (77,500 यूके पाउंड्स) है। यह कोर्स व्यक्तिगत विकास, एटीकेट, शिष्टाचार, सामाजिक कौशल, स्टाइल, मेनर्स और प्रोटोकॉल सिखाता है, और इसमें फैशनेबल होटल में ठहरने, बैले/ओपेरा, बारीक वाइन-डाइन, होस्टिंग, मैनेजमेंट, और हाई-एंड जीवनशैली की ट्रेनिंग शामिल है।

कोर्स का विवरण

  • यह कोर्स पहली बार 1998 में शुरू हुआ था और गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड में दुनिया का सबसे महंगा स्कूल कोर्स माना जाता है।
  • इसका मुख्य उद्देश्य बच्चों और युवाओं को हाई-सोसाइटी लाइफस्टाइल, पर्सनल ग्रूमिंग, और सामाजिक प्रोटोकॉल सिखाना है।
  • एक महीने की फीस आज के भारतीय मुद्रा में 92 लाख रुपये से अधिक है।

दुनिया का सबसे महंगा स्कूल

  • स्विट्जरलैंड के Institut Le Rosey को दुनिया का सबसे महंगा बोर्डिंग स्कूल माना जाता है।
  • इसकी सालाना फीस करीब 1 करोड़ रुपये से भी ज्यादा है, जिसमें आवास, भोजन, स्कूलिंग और हर प्रकार की एक्टिविटीज शामिल हैं।
  • इस स्कूल में लगभग 450 छात्र पढ़ाई करते हैं और इसे “स्कूल ऑफ किंग्स” कहा जाता है क्योंकि शाही परिवारों के बच्चे भी यहां अध्ययन करते हैं।

मुख्य तथ्य

  • सबसे महंगा एक महीने का कोर्स: Ivor Spencer International Finishing School, लंदन (₹92 लाख प्रति माह)
  • सबसे महंगा स्कूल (सालाना): Institut Le Rosey, स्विट्जरलैंड (₹1 करोड़+ प्रति वर्ष)

यह कोर्स और स्कूल दोनों शिक्षा के साथ-साथ लक्जरी जीवनशैली और एक्सक्लूसिविटी का उदाहरण हैं, जो दुनिया भर के रॉयल्स और अमीरों के बच्चों के लिए डिज़ाइन किए गए हैं।

Continue Reading
Advertisement Rajju Bhaiya Sainik Vidya Mandir
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

इनोवेशन और स्टार्टअप

भारत-EU के बीच हुई FTA डील से यूरोप में भारतीयों के लिए नौकरी और पढ़ाई होगी आसान

Published

on

भारत और यूरोपीय संघ (EU) के बीच 27 जनवरी 2026 को फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) पर हस्ताक्षर हुए, जो भारतीयों के लिए यूरोप में नौकरी और पढ़ाई के रास्ते खोलेगा।
यह डील 18 साल की लंबी वार्ता के बाद हुई, जिसमें व्यापार, सेवाओं और लोगों की आवाजाही को बढ़ावा दिया गया।

नौकरी और पढ़ाई पर असर

FTA से IT, सर्विस सेक्टर और अन्य प्रोफेशनल्स के लिए वीजा प्रक्रिया आसान होगी, जिससे लाखों भारतीयों को EU देशों (जैसे जर्मनी, फ्रांस) में काम के अवसर मिलेंगे।​
शिक्षा क्षेत्र में स्टूडेंट वीजा और स्किल्ड वर्कर मोबिलिटी बढ़ेगी, खासकर MSMEs और लेबर-इंटेंसिव सेक्टर्स में।​
निर्यात दोगुना होने से रोजगार सृजन होगा, लेकिन तुर्की जैसे देशों के सामान पर पाबंदी रहेगी।​

आर्थिक फायदे

भारत को EU के 97% टैरिफ लाइंस में एक्सेस मिलेगा, जबकि EU को भारत के 92% बाजार में।​
ऑटो सेक्टर में इंपोर्ट ड्यूटी 110% से घटकर 10% होगी (2.5 लाख यूनिट कोटा), लेकिन EVs को 5 साल छूट।

Advertisement
Rajju Bhaiya Sainik Vidya Mandir
Continue Reading

विदेशी शिक्षा

गिरते रुपये ने विदेश में पढ़ाई कर रहे भारतीय छात्रों का खर्च अचानक बढ़ा दिया है, जिससे परिवारों पर बढ़ा आर्थिक बोझ

Published

on

हां, गिरते रुपये ने विदेश में पढ़ाई कर रहे भारतीय छात्रों के लिए ट्यूशन फीस, रहने-खाने और अन्य खर्चों को अचानक बढ़ा दिया है, जिससे परिवारों पर भारी आर्थिक दबाव पड़ रहा है।

रुपये की गिरावट का स्तर

भारतीय रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 90 रुपये के आसपास पहुंच गया है, जो पिछले आठ-नौ महीनों में 84 रुपये से लगभग 7% की गिरावट दर्शाता है। इस कमजोरी से विदेशी मुद्रा में चुकाए जाने वाले सभी खर्च सीधे महंगे हो जाते हैं, खासकर अमेरिका, ब्रिटेन, कनाडा और ऑस्ट्रेलिया जैसे देशों में।

छात्रों पर प्रभाव

2024 में 7.6 लाख भारतीय छात्रों ने उच्च शिक्षा के लिए विदेश का रुख किया, लेकिन अब मासिक खर्च 20-30 हजार रुपये और सालाना 2-3 लाख रुपये अतिरिक्त बढ़ गया है। उदाहरणस्वरूप, 50,000 डॉलर की सालाना फीस पहले 41.5 लाख रुपये थी, जो अब 44.7 लाख रुपये हो गई। एजुकेशन लोन के ब्याज और वीजा प्रोसेसिंग फीस में भी 4% की बढ़ोतरी हुई है।

Advertisement
Rajju Bhaiya Sainik Vidya Mandir

परिवारों की चुनौतियां

परिवार घरेलू खर्चों के साथ लोन किस्तें चुकाते हुए अतिरिक्त बोझ झेल रहे हैं, जबकि छात्र पार्ट-टाइम नौकरियां कर रहे हैं। कुछ छात्र सस्ते देशों पर विचार कर रहे हैं या पढ़ाई बीच में छोड़ने की सोच रहे हैं।

Continue Reading

ब्रेकिंग न्यूज़

छात्रों के लिए सुनहरा मौका! भारत में कैंपस ओपन करना चाहती हैं फिनलैंड की यूनिवर्सिटीज

Published

on

भारत और फिनलैंड की यूनिवर्सिटीज के बीच हाल के समझौतों और भारत की नई शिक्षा नीति के कारण आने वाले सालों में भारत में विदेशी कैंपस तेजी से बढ़ रहे हैं, जिनमें यूरोपीय देशों (जैसे यूके, ऑस्ट्रेलिया) की यूनिवर्सिटीज आगे हैं और फिनलैंड की यूनिवर्सिटीज भी इसी ट्रेंड में भारत में उपस्थिति बढ़ाने को लेकर उत्सुक हैं। यह भारतीय छात्रों के लिए घर बैठे अंतरराष्ट्रीय स्तर की डिग्री और रिसर्च एक्सपोजर पाने का अच्छा मौका बन रहा है।

क्या हो रहा है अभी

  • भारत सरकार और UGC ने ऐसी नीतियां बनाई हैं जिनसे चुनिंदा टॉप विदेशी यूनिवर्सिटीज को भारत में फिजिकल कैंपस खोलने की अनुमति मिल रही है, ताकि वे यहां की डिग्री सीधे ऑफर कर सकें।
  • 2025 तक कई यूके और अन्य देशों की यूनिवर्सिटीज को भारत में कैंपस खोलने के लिए Letter of Intent या औपचारिक मंजूरी दी जा चुकी है, और 2026–27 के आसपास इनके बैच शुरू होने की योजना है।

छात्रों के लिए मुख्य फायदे

  • कम लागत: वही या मिलती‑जुलती विदेशी डिग्री भारतीय शहरों में, आम तौर पर विदेश जाने की तुलना में काफी कम कुल खर्च (फीस + रहने का खर्च) में मिल सकती है।
  • ग्लोबल एक्सपोजर: इंटरनेशनल फैकल्टी, करिकुलम और रिसर्च प्रोजेक्ट्स के जरिए छात्रों को ग्लोबल जॉब मार्केट के हिसाब से स्किल्स मिलेंगी, और आगे मास्टर्स/पीएचडी के लिए ट्रांज़िशन आसान होगा।

फिनलैंड यूनिवर्सिटीज की संभावनाएं

  • नई शिक्षा नीति और विदेशी कैंपस के लिए बने फ्रेमवर्क के कारण नॉर्डिक देशों की यूनिवर्सिटीज (जिनमें फिनलैंड भी शामिल है) के लिए भी भारत में ऑफशोर या जॉइंट कैंपस खोलने की राह खुली हुई है, खासकर STEM, शिक्षा, सस्टेनेबिलिटी और आईसीटी जैसे क्षेत्रों में।
  • अभी मुख्य औपचारिक घोषणाएं यूके और कुछ अन्य देशों की यूनिवर्सिटीज के लिए दिख रही हैं, इसलिए फिनिश यूनिवर्सिटीज के बारे में ताज़ा जानकारी के लिए सीधे उनकी आधिकारिक साइटें, इंडिया ऑफिस/एजुकेशन फेयर और भारतीय दूतावास/एजुकेशन फिनलैंड के अपडेट नियमित रूप से चेक करना फायदे का सौदा रहेगा।

आप क्या कर सकते हैं अभी

  • 11th–12th या ग्रेजुएशन के स्तर पर हों तो उन इंडियन शहरों (दिल्ली‑NCR, बेंगलुरु, मुंबई आदि) पर नजर रखें जहां विदेशी कैंपस घोषित या प्लान हो रहे हैं, और उनकी एलिजिबिलिटी, फीस व स्कॉलरशिप डिटेल्स समय‑समय पर देखें।
  • अगर खास तौर पर फिनलैंड टार्गेट है तो:
    • फिनिश यूनिवर्सिटीज की वेबसाइट पर “India campus”, “offshore campus” या “joint programme in India” जैसे सेक्शन देखें।
    • एरास्मस+/एक्सचेंज या ट्विनिंग प्रोग्राम ढूंढें, जिनमें पहले कुछ सेमेस्टर भारत और बाकी फिनलैंड में हो सकते हैं।
Continue Reading
Advertisement Rajju Bhaiya Sainik Vidya Mandir

Trending